टेक रेगुलेशन बिल पर कांग्रेस में टेंशन, दोनों पार्टीज को प्रॉब्लम

Politics1 hour agoSource: National Voice
टेक रेगुलेशन बिल पर कांग्रेस में टेंशन, दोनों पार्टीज को प्रॉब्लम

एक बड़ा टेक रेगुलेशन बिल जो दोनों पार्टीज ने मिलकर बनाया था, अब मुश्किल में है। कांग्रेस में इसके पास होने पर सवाल उठ रहे हैं क्योंकि कुछ पार्टीज को प्रॉब्लम है।

वॉशिंगटन डी.सी. – एक बहुत इम्पोर्टेंट बाइपार्टीशन बिल, जिसका मकसद बिग टेक कंपनीज को रेगुलेट करना था, अब कांग्रेस में बड़ी प्रॉब्लम्स फेस कर रहा है। इससे महीनों की नेगोशिएशंस पर पानी फिरता दिख रहा है। ये बिल एंटीट्रस्ट इश्यूज से लेकर डेटा प्राइवेसी तक के मामलों को डील करता है और पहले इसे डेमोक्रेट्स और रिपब्लिकन्स दोनों का सपोर्ट मिला था।

लेकिन, अब इसके कुछ क्रिटिकल क्लॉजेज पर डिसअग्रीमेंट्स आ गए हैं, खासकर एनफोर्समेंट मैकेनिज्म और नए रेगुलेटरी बॉडीज के स्कोप को लेकर। इनसाइड सोर्सेज का कहना है कि टेक जायंट्स की पावरफुल लॉबिंग और लेजिस्लेटर्स के बीच आइडियोलॉजिकल डिफरेंसेस भी इसमें रोल प्ले कर रहे हैं।

हाउस के स्पीकर ने आज इन चैलेंजेस को एक्सेप्ट किया और कहा, "हम आगे बढ़ने के लिए कमिटेड हैं, लेकिन सभी साइड्स से कॉम्प्रोमाइज बहुत जरूरी है।" इस लैंडमार्क बिल का फ्यूचर, जो डिजिटल लैंडस्केप को शेप देने के लिए क्रूशियल है, अब अनसर्टेन है क्योंकि लॉमेकर्स इंटेंस क्लोज्ड-डोर मीटिंग्स की तैयारी कर रहे हैं।