ईस्टर्न यूरोप में बॉर्डर टेंशन बढ़ी, यूएन ने इमरजेंसी मीटिंग बुलाई, सिचुएशन क्रिटिकल!

वर्ल्ड2 hours agoSource: National Voice
ईस्टर्न यूरोप में बॉर्डर टेंशन बढ़ी, यूएन ने इमरजेंसी मीटिंग बुलाई, सिचुएशन क्रिटिकल!

ईस्टर्न यूरोप में बॉर्डर टेंशन बहुत ज़्यादा बढ़ गई है, जिसके बाद यूएन सिक्योरिटी काउंसिल ने एक इमरजेंसी समिट बुलाई है। हाल ही में हुए मिलिट्री मूवमेंट्स और बॉर्डर पर झड़पों से इंटरनेशनल लेवल पर अलार्म बज गया है, जिससे बड़े कॉन्फ्लिक्ट का डर है। डिप्लोमेट्स सिचुएशन को कंट्रोल करने के लिए लगातार काम कर रहे हैं।

न्यूयॉर्क – ईस्टर्न यूरोप के दो कंट्रीज़ के बीच डिस्प्यूटेड बॉर्डर पर मिलिट्री एक्टिविटी बढ़ने और कुछ झड़पों की रिपोर्ट के बाद यूएन सिक्योरिटी काउंसिल की एक अर्जेंट मीटिंग चल रही है। पिछले 48 घंटों में ये क्राइसिस बहुत तेज़ी से बढ़ा है, और दोनों साइड्स एक-दूसरे पर प्रोवोकेटिव एक्शन और ट्रूप बिल्डअप का इल्जाम लगा रही हैं।

यूएन सेक्रेटरी-जनरल एंटोनियो गुटेरेस ने डीप कंसर्न एक्सप्रेस करते हुए कहा, "ग्राउंड पर सिचुएशन बहुत वोलेटाइल है, और मिसकैलकुलेशन का रिस्क डेंजरसली हाई है। हम सभी पार्टीज़ से रिक्वेस्ट करते हैं कि वे मैक्सिमम रेस्ट्रेन्ट दिखाएं और मीनिंगफुल डायलॉग में इन्वॉल्व हों ताकि सिचुएशन और न बिगड़े।" इंटरनेशनल ऑब्ज़र्वर्स ने इस रीजन में मिलिट्री हार्डवेयर के डिप्लॉयमेंट का अनप्रेसिडेंटेड लेवल देखा है।

डिप्लोमेटिक एफर्ट्स अभी सीजफायर एस्टेब्लिश करने और राइवल कंट्रीज़ के बीच डायरेक्ट नेगोशिएशंस के लिए चैनल्स ओपन करने पर फोकस्ड हैं। मेजर ग्लोबल पावर्स ने भी इस पर अपना ओपिनियन दिया है, और इमीडिएट डी-एस्केलेशन की डिमांड करते हुए मीडिएशन ऑफर किया है। यूएन समिट का आउटकम बहुत क्रिटिकल है, क्योंकि दुनिया बड़े टेंशन के साथ देख रही है कि इस पोटेंशियल रीजनल कॉन्फ्लिक्ट को कैसे रोका जाए।