AI एथिक्स पर ग्लोबल समिट में नया रेगुलेटरी फ्रेमवर्क अनाउंस

वर्ल्ड3 hours agoSource: National Voice
AI एथिक्स पर ग्लोबल समिट में नया रेगुलेटरी फ्रेमवर्क अनाउंस

जेनेवा में 50 से ज्यादा कंट्रीज के लीडर्स ने AI एथिक्स पर एक बड़ा समिट अटेंड किया। इस समिट में AI के रिस्पॉन्सिबल डेवलपमेंट के लिए एक नया इंटरनेशनल फ्रेमवर्क अनाउंस किया गया है।

जेनेवा में इस वीक एक हिस्टोरिक ग्लोबल AI एथिक्स समिट हुई, जिसमें 50 से ज्यादा कंट्रीज के हेड्स ऑफ स्टेट, टेक CEO और लीडिंग एथिसिस्ट्स एक साथ आए। इस समिट का मेन एजेंडा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के तेजी से बढ़ते मोरल और सोसाइटील इम्प्लिकेशन्स पर डिस्कशन करना था। तीन दिन के इंटेंस डिस्कशन के बाद, 'जेनेवा अकॉर्ड ऑन AI गवर्नेंस' पर एक कंसेंसस बना, जो एक कॉम्प्रिहेंसिव रेगुलेटरी फ्रेमवर्क है, जिसका एम AI सिस्टम्स को एथिकली डेवलप और डिप्लॉय करना है।

यह नया फ्रेमवर्क AI डिजाइन और ऑपरेशन में ट्रांसपेरेंसी, अकाउंटेबिलिटी और ह्यूमन ओवरसाइट पर जोर देता है। इसके मेन प्रोविजन्स में हाई-रिस्क AI एप्लीकेशन्स के लिए मैंडेटरी इम्पैक्ट असेसमेंट्स, स्ट्रिक्ट डेटा प्राइवेसी गाइडलाइन्स और कंप्लायंस मॉनिटर करने और इमर्जिंग कंसर्न्स को एड्रेस करने के लिए एक इंटरनेशनल AI एथिक्स बोर्ड का एस्टेब्लिशमेंट शामिल है। यह अकॉर्ड रिसर्च और डेवलपमेंट में ग्लोबल कोलाबोरेशन को भी प्रमोट करता है, जिसका एम डिजिटल डिवाइड को कम करना और AI बेनिफिट्स तक इक्विटेबल एक्सेस सुनिश्चित करना है।

हालांकि कई लोगों ने इस अकॉर्ड को रिस्पॉन्सिबल AI की ओर एक बड़ा स्टेप बताया, कुछ क्रिटिक्स ने इसकी एनफोर्सएबिलिटी और 'रेगुलेटरी पैचवर्क' की पॉसिबिलिटी पर कंसर्न्स रेज किए, अगर इसे यूनिवर्सली अडॉप्ट नहीं किया गया। समिट में मौजूद टेक जायंट्स ने कॉशियस ऑप्टिमिज्म एक्सप्रेस किया, रेगुलेशन की जरूरत को एक्सेप्ट करते हुए इनोवेशन को फोस्टर करने की इम्पोर्टेंस पर भी जोर दिया। जेनेवा अकॉर्ड का असली टेस्ट इसके प्रैक्टिकल इम्प्लीमेंटेशन और AI एडवांसमेंट की तेज स्पीड के साथ अडैप्ट करने की इसकी एबिलिटी में होगा।