नया ग्लोबल सिक्योरिटी अलायंस बना टेंशन की वजह, साउथ-ईस्ट एशिया में हलचल!

वर्ल्ड1 hour agoSource: National Voice
नया ग्लोबल सिक्योरिटी अलायंस बना टेंशन की वजह, साउथ-ईस्ट एशिया में हलचल!

कुछ बड़ी ग्लोबल पावर्स के बीच एक नया सिक्योरिटी पैक्ट बना है, जिससे साउथ-ईस्ट एशिया में टेंशन बढ़ गई है। कुछ कंट्रीज़ को लग रहा है कि ये नया अलायंस रीजनल स्टेबिलिटी के लिए अच्छा नहीं है। क्रिटिक्स का कहना है कि इससे आर्म्स रेस बढ़ सकती है।

सिंगापुर — यूनाइटेड स्टेट्स, यूनाइटेड किंगडम और ऑस्ट्रेलिया के बीच बने एक बड़े ट्राइलेटरल सिक्योरिटी अलायंस ने साउथ-ईस्ट एशिया में चिंता बढ़ा दी है। ये पैक्ट डिफेंस कैपेबिलिटीज और इंटेलिजेंस शेयरिंग को बढ़ाने के लिए बनाया गया है, लेकिन इसे लेकर अलग-अलग रिएक्शंस मिल रहे हैं। कई रीजनल लीडर्स को लग रहा है कि ये रीजन की पावर बैलेंस को खराब कर सकता है।

जो लोग इस अलायंस को सपोर्ट करते हैं, उनका कहना है कि यह नए जियोपॉलिटिकल थ्रेट्स से निपटने और इंडो-पैसिफिक में स्टेबिलिटी बनाए रखने के लिए जरूरी है। वहीं, क्रिटिक्स को डर है कि यह दूसरे बड़े प्लेयर्स को और एग्रेसिव बना सकता है। खासकर, एडवांस्ड मिलिट्री टेक्नोलॉजी के प्रोविजन को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं, क्योंकि कुछ लोगों का मानना है कि इससे इस सेंसिटिव एरिया में हथियारों की होड़ लग सकती है।

इन चिंताओं को दूर करने के लिए डिप्लोमेटिक एफर्ट्स चल रहे हैं, और अलायंस वाले कंट्रीज़ के एन्वॉयज़ रीजनल काउंटरपार्ट्स के साथ टॉक्स कर रहे हैं। हालांकि, इस नए ब्लॉक का बनना ग्लोबल सिक्योरिटी आर्किटेक्चर में एक बड़ा चेंज है, जिससे आने वाले सालों में अलायंस और डिप्लोमेटिक फ्रेमवर्क्स में बड़े बदलाव देखने को मिलेंगे।